कहीं कामियाब न हो जाओ

(Dad to Daughter)

वैसे तुमने मेरी कुछ सच्चाई तो देखि ही है 

और कुछ अच्छाई भी तो देखि ही है 

बाकि और भी देखनी है ?

 तो देख लो संस्कृत ,जाओ 

वैसे तुमने मेरा जज़्बा तो देखा ही है 

और कुछ जस्बात भी तो देखे ही है

बाकी और भी देखने है?

तो देख लो उर्दू, जाओ 

वैसे तुमने मुझे भी तो देखा है 

 और कुछ कुछ मेरा प्यार भी तो देखा है

बाकी और भी देखना है?

तो सबर करो, थोड़ी बड़ी हो जाओ, एक बच्चे की माँ बन जाओ

फिर देख लो भीतर, जाओ

वैसे तुमने अमरीका तो देखा ही है 

और कुछ अंग्रेजी भी तो बचपन से तुम जानती हो… 

डर लगता है

मुझे कुछ और जानने से पहले ही 

कहीं “कामियाब” न हो जाओ